ब्रिटेन / 60 डॉक्टरों का सरकार को पत्र- असांजे की जेल में मौत हो सकती है, उन्हें बेहतर इलाज की सख्त जरूरत

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लंदन. यहां के 60 डॉक्टरों ने खुला पत्र लिखा है। यह लेटर सोमवार को प्रकाशित हुआ। इसके मुताबिक, डॉक्टरों को डर है कि विकीलीक्स के संस्थापक जूलियन असांजे (48) की जेल के अंदर मौत हो सकती है। ऑस्ट्रेलियन मूल के असांजे को अमेरिका, ब्रिटेन से प्रत्यर्पित करना चाहता है और वे इसके खिलाफ लड़ाई लड़ रहे हैं। असांजे लंदन की बेलमार्श जेल में बंद हैं।

डॉक्टरों ने ब्रिटेन की गृह मंत्री प्रीति पटेल, आंतरिक मामलों के मंत्री समेत कई अहम लोगों को पत्र लिखा। इसमें अपील की गई है कि असांजे को बेलमार्श जेल से निकालकर यूनिवर्सिटी टीचिंग हॉस्पिटल में भर्ती कराया जाए। असांजे पर जासूसी कानून के तहत आरोप लगाए गए हैं। अगर अमेरिका में उन्हें दोषी करार दिया गया, तो 175 साल की जेल हो सकती है।

‘असांजे की शारीरिक-मानसिक हालत खराब’
डॉक्टरों ने 16 पेज के अपने लेटर में लिखा, ‘‘मेडिकल पेशे से जुड़े होने के चलते हम बता सकते हैं कि जूलियन असांजे की शारीरिक और मानसिक स्थिति गंभीर है। उन्हें तुरंत फिजिकल और साइकोलॉजिकल सहायता की दरकार है। यह किसी बेहतर उपकरण वाले अस्पताल में ही हो सकेगा। असांजे को यूनिवर्सिटी टीचिंग हॉस्पिटल शिफ्ट किया जा सकता है। अगर उन्हें बेहतर इलाज नहीं मिला तो मौत हो सकती है।’’ पत्र लिखने वालों में अमेरिका, ऑस्ट्रेलिया, ब्रिटेन, स्वीडन, इटली, जर्मनी, श्रीलंका और पोलैंड के डॉक्टर शामिल हैं।

चश्मदीदों की रिपोर्ट को आधार बनाया
डॉक्टरों ने चश्मदीदों के बयानों और संयुक्त राष्ट्र की तरफ से नियुक्त स्पेशल रिपोर्टर नील्स मेल्जर की रिपोर्ट को आधार बनाया। लंदन के कोर्ट में 21 नवंबर को चश्मदीदों ने असांजे को लेकर बयान दिए थे। वहीं, 1 नवंबर को कोर्ट में मेल्जर ने बयान दिया था।

मेल्जर संयुक्त राष्ट्र के मानवाधिकार विशेषज्ञ भी हैं। उन्होंने कहा कि असांजे को लगातार प्रताड़ित किया जा रहा है। इसकी कीमत उन्हें जिंदगी देकर चुकानी पड़ सकती है।

असांजे पर आरोप
असांजे ने विकीलीक्स के जरिए 2010 में अमेरिकी मिलिट्री और डिप्लोमैटिक फाइलों को सार्वजनिक किया था। इसमें अफगानिस्तान और इराक में अमेरिकी बमबारी का खुलासा किया गया था। यह सामने आने के बाद अमेरिकी सरकार को खासी आलोचना झेलनी पड़ी थी।

असांजे 6 महीने पहले सार्वजनिक रूप से सामने आए थे। पिछले महीने वे कोर्ट में सुनवाई के लिए गए थे। इस दौरान वे काफी कमजोर दिखाई दिए थे। उन्हें अपनी जन्म तारीख याद करने में दिक्कत हो रही थी। सुनवाई के बाद जज वेनीसा बैरेट्सर ने कहा था कि कोर्ट में क्या हुआ, यह तक असांजे को समझ में नहीं आया।