रणजी ट्रॉफी आज से; विदर्भ खिताब बचाने उतरा, जाफर के लिए यादगार होगा 2019-20 सीजन

0
150

नई दिल्ली: भारत का सबसे प्रतिष्ठित घरेलू टूर्नामेंट रणजी ट्रॉफी (Ranji Trophy 2019-20) का नया सीजन सोमवार (9 दिसंबर) से शुरू हो रहा है. पिछले साल चैंपियन बनी विदर्भ (Vidarbha) की टीम अपना खिताब बचाने उतरेगी. विदर्भ के दिग्गज बल्लेबाज वसीम जाफर (Wasim Jaffer) के लिए भी यह सीजन कई मायनों में खास होगा. अगले साल 16 फरवरी को 42 साल के होने जा रहे जाफर ने बीते सीजन में विदर्भ के लिए खेलते हुए 1037 रन बनाए थे. उनके शानदार खेल की बदौलत विदर्भ ने लगातार दूसरी बार रणजी खिताब जीता था.

अब वसीम जाफर फिर से देश की इस सबसे प्रतिष्ठित घरेलू टूर्नामेंट रणजी ट्रॉफी (Ranji Trophy) में अपने बल्ले का जौहर दिखाने के लिए तैयार हैं. जाफर इस नए सीजन को अपने लिए यादगार बनाना चाहेंगे लेकिन इसके लिए उन्हें बल्ले से लगातार अच्छा प्रदर्शन करना होगा. जाफर भारत के लिए 31 टेस्ट और दो वनडे मैच खेल चुके हैं. विदर्भ को पहला मैच विजयवाड़ा में मेजबान आंध्र प्रदेश से है.

इस सीजन का पहला मैच वसीम जाफर के करियर का 150वां रणजी मैच होगा. वे इसके साथ इस टूर्नामेंट में सबसे अधिक मैच खेलने वाले खिलाड़ी बन जाएंगे. यही नहीं, जाफर को प्रथम श्रेणी करियर में 20 हजार रनों का आंकड़ा पार करने के लिए 854 रनों की जरूरत है. अभी उनके नाम 19147 रन हैं.

पहले मुंबई के लिए खेलने वाले वसीम जाफर सिर्फ बैटिंग ही नहीं, फील्डिंग में भी रिकॉर्ड बनाने के करीब हैं. तीन कैच लपकने के साथ ही जाफर इस टूर्नामेंट के इतिहास में 200 कैच लपकने वाले पहले खिलाड़ी बन जाएंगे.

वसीम जाफर ने भारत के लिए 31 टेस्ट मैचों पांच शतकों की मदद से कुल 1944 रन बनाए हैं. उनका सर्वोच्च व्यक्तिगत स्कोर 212 रहा था. उन्होंने टेस्ट मैचों में 27 कैच भी लपके थे. टेस्ट में जाफर के नाम दो विकेट भी दर्ज हैं. प्रथम श्रेणी क्रिकेट में जाफर के नाम 57 शतक हैं. 314 उनका सर्वोच्च व्यक्तिगत योग रहा है.