खूनी बवासीर, दस्‍त और ल्‍यूकोरिया में फायदेमंद है सेमल, जानें अन्‍य फायदे और सेवन का तरीका

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सेमल एक औषधीय पेड़ है, जिसकी छाल, जड़ और फूल आपकी कई बीमारियों को दूर करने में सहायक है। आप सेमल के फूल को अक्‍सर मार्च-अप्रेल के महीनों में देख सकते हैं। सेमल को सिल्‍क कॉटन ट्री और शाल्मली भी कहा जाता है। यह एक ऐसा पेड़ है, जो आपकी कई बीमारियों में मददगार है। इसके अलावा इससे रूई भी प्राप्‍त होती है, जिसका इस्‍तेमाल तकिया या गद्दे बनाने में किया जाता है।

सेमल के आपके स्‍वास्‍थ्‍य के लिए कई फायदे हैं, यह आपकी कई बीमारियों जैसे- अतिसार, फोड़े-फुंसी, एनीमिया, खांसी, घाव भरने, पित्‍त की पथरी और त्‍वचा संबंधी कई समस्‍याओं में फायदेमंद हैं। आइए यहां हम आपको सेमल के स्‍वास्‍थ्‍य लाभी और उपयोग का तरीका बताते हैं।

1 दस्‍त के लिए सेमल है फायदेमंद
दस्‍त या अतिसार की समस्‍या से निपटने के लिए सेमल मददगार है। यह दस्‍त या पेचिश के उपचार में मदद कर सकता है, इसके लिए आपको सेमल के पत्‍तों और डंठल का काढ़ा बनाकर 50 ML लेना है। दिन में दवा के तौर पर 2 या 3 बार लेने से आपको दस्‍त में राहत मिल सकती है।

2. मुंह के घालों और घाव भरने के लिए
यदि आपके मुंह में छाले आ रहे हैं या फिर किसी चोट के घाव को भरना है, तो इसके लिए आप सेमल के चूर्ण का उपयोग कर सकते हैं। यह आपके घालों और घाव को ठीक करने में मदद कर सकता है। सेमल के तने से निकलने वाला गोंद या जिसे मोचरत कहते हैं, इसका चूर्ण आपके घावों का इलाज करता है।

3. खूनी बवासीर में फायदेमंद
खूनी बवासीर काफी दर्दनाक बीमारी है लेकिन आप इस बीमारी में राहत पाने के लिए सेमल का उपयोग कर सकते हैं। यह आपको बवासीर में आराम देने में मदद कर सकता है। इसके लिए आप सेमल के फूल, मिश्री, खसखस को बराबर मात्रा में दूध में मिलाएं और उसे गर्म करें। एक गाढ़ा दूध बनाकर उसे ठंडा करने के बाद आप इसका सेवन करें आपको बवासीर में फायदा मिल सकता है।

4. ल्‍यूकोरिया में फायदेमंद
ल्‍यूकोरिया या व्‍हाइट डिसचार्ज में भी सेमल फायेदमंद है। जिन महिलाओं को सफेद पानी की समस्‍या होती है, वह सेमल की जड़ के पाउडर को दूध या पानी के साथ सेवन कर सकती हैं। इसके अलावा, आप चाहें, तो फूलों को सुखाकर पीस लें और 3 ग्राम चूर्ण के साथ 1 ग्राम सेंधा नमक और घी मिलाकर सेवन करें।

5. पथरी में सहायक
सेमल एक ऐसा औषधीय पेड़ है, जो खांसी से लेकर पित्‍त की पथरी में भी फायदेमंद है। इसके कच्‍चे फल को पीसकर पाउडर बनाकर या फिर काढ़े से आपको पथरी और अनय मूत्र संबंधी समस्‍याओं में फायदा मिलता है।