अंबानी पर मुफ्त मेहरबानी होगी बंद, सरकार कसेगी वसूली का शिकंजा

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भोपाल। प्रदेश में अंबानी पर मुफ्त की मेहरबानी अब बंद की जाएगी। पिछली भाजपा सरकार में जिओ ने पूरे प्रदेश में फाइबर लाइन का नेटवर्क बिछाया है, लेकिन उस पर कोई टैक्स सरकार ने नहीं लिया। अब कांग्रेस सरकार ने इसे गलत माना है। इस कारण राजस्व बढ़ाने के लिए कांग्रेस सरकार इस पूरे नेटवर्क पर टैक्स वसूल करेगी। इसके लिए हर जिले में आकलन किया जाएगा। प्रदेश में पहली बार इस पैटर्न पर वसूली की जाएगी।

दरअसल, सरकारी खजाने की माली हालत सुधारने के लिए राजस्व वृद्धि के रास्ते तलाशे जा रहे हैं। इसके तहत जिओ नेटवर्क, मोबाइल टॉवर और इसके अन्य इस्टेबिलेशन पर टैक्स वसूली की तैयारी हो गई है। प्रदेश में वर्तमान में बीएसएनएल के अलावा केवल जिओ का नेटवर्क है, जो गांव-गांव तक नेटवर्क फैला है। खास तौर पर २०१४ के बाद से यह नेटवर्क बढकर पिछड़े व आदिवासी इलाकों तक भी जिओ का नेटवर्क पहुंच गया है। इसके लिए अंबानी समूह ने बकायदा फाइबर लाइन बिछाई है। इस लाइन का अब आकलन करना तय किया गया है। किस परिक्षेत्र में कितनी लाइन बिछाई गई है, उसका मूल्यांकन करके टैक्स वसूली का चार्ट तैयार किया जाएगा। इसमें अब निर्धारित दर के हिसाब से आकलन करके वसूली होगी। इसके लिए जिला पंचायतों को आकलन करने के लिए कह दिया गया है।

मोबाइल टॉवर भी निशाने पर-

फाइबर नेटवर्क की तरह मोबाइल टॉवर को लेकर भी वसूली होगी। जिओ ने ग्रामीण इलाकों में सरकारी जमीन पर बड़ी संख्या में मोबाइल टॉवर लगाए हैं। शहरों में मोबाइल टॉवर के लिए बकायदा मंजूरी दी गई है, जिसके लिए एक निश्चित राशि भी वसूली गई। हालांकि मंजूरी से ज्यादा टॉवर लगाए गए हैं, लेकिन गांवों में बिना मंजूरी लिए ही टॉवर स्थापित किए गए हैं। इसके लिए कोई प्रक्रिया पूरी नहीं की गई। इस कारण मोबाइल टॉवरों की संख्या की गणना करने, सत्यापन करने और उनसे टैक्स रिकवरी करना तय किया गया है। फिलहाल पांच साल की स्थिति का आकलन होगा।

टेलीकॉम कंपनियों के लिए रहेगी गाइडलाइन-

प्रदेश में टेलीकाम कंपनियों के मोबाइल टॉवर व नेटवर्क विस्तार के लिए बकायदा गाइडलाइन तय की जाएगी। इसमें ग्रामीण व पिछड़े इलाके में सरकारी जमीन पर टॉवर व नेटवर्क लगाने को लेकर टैक्स का स्लेब रहेेगा। खास बात ये कि यदि कहीं पर निजी जमीन या प्रॉपटी पर टॉवर लगाया गया है, तो भी उसके लिए एक निर्धारित टैक्स देना होगा। एेसा ही फाइबर नेटवर्क लाइन के लिए रहेगा।